• If you are trying to reset your account password then don't forget to check spam folder in your mailbox. Also Mark it as "not spam" or you won't be able to click on the link.

Thriller शतरंज की चाल

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
Bhai wah gajab ki story likh rhe ho aap read karne se he pata chal rha kafi Intresting story hone wali hai ye
.
Story me ab tak Monu urf Manish Mittal ne abhi tak sirf apne Mittal sir ke bare me kafi jankari batay hai
.
Or ab Mittal ki family najar aa rhe hai lagta hai ab story or bhi Jada Intresting hone wali hai
.
Keep It Up Riky007 bhai Superb update
Thankyou भाई, बस थोड़ा बहुत इंस्पायर हो कर लिख लेता हूं 🙏🏼
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
Bohot badhiya👌🏻👌🏻 suruwati update hone ke naate kafi achi bhoomika banai hai, writing mistake per bhi dhyan do mitra,
Rahi baat story ka to great going brother👌🏻👌🏻
धन्यवाद भाई, राइटिंग में एक मिस्टेक तो दिखी मुझे इसके और 2 पिछली अपडेट में। बाकी हो तो प्वाइंट out kar दो, कोई इश्यू नही है मुझे 🙏🏼
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
Awesome update
Ek behtrin kahani ki ruprekha teyar ho rahi hai,
Abhi tak ki kahani me ek aanath aur lawaris ladke ke ek rahis dildar Ameer se goud lene ke bad uske tarkki krne ka safar badiya dikhaya hai ,
Ab aage ke new ghatnakaram par sab rhega aage kya hota hai is kahani me
धन्यवाद रेखा जी 🙏🏼

उम्मीद है आगे भी आपको कहानी अच्छी लगेगी
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
10,474
48,916
258
' शतरंज की चाल ' शिर्षक यही इशारे कर रहा है कि एल एन ग्रूप की अगाध धन संपदा की इनहेरिटेंस और लिगेसी के लिए चाल और षड्यंत्र की कहानी है यह ।
मित्तल फैमिली मे मनीष साहब की एन्ट्री दूध मे पड़े मक्खी की तरह है जिसे परिवार के कुछ लोग बर्दाश्त नही कर सकते । रजत मित्तल साहब ने मनीष को पावर देकर अवश्य कुछ अपनों के दिल पर हथौड़ा चलाया होगा । अब वह व्यक्ति रजत साहब के बड़े भाई महेश मित्तल साहब हैं या उनके साहबजादे या कोई कंपनी का पुराना कर्मचारी , यह देखना है ।
मनीष साहब इस कहानी के हीरो है इसमे जरा भी संदेह नही है लेकिन उनकी हीरोइन कौन है यह भी देखने लायक बात होगी ।
वह हीरोइन प्रिया मैडम या फिर शिविका मैडम या फिर वह आगंतुक लड़की होगी जिसे देखते ही मनीष साहब के दिल मे हलचल मच गया ।

शुरुआत बहुत ही बेहतरीन है । आउटस्टैंडिंग अपडेट रिकी भाई ।
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
' शतरंज की चाल ' शिर्षक यही इशारे कर रहा है कि एल एन ग्रूप की अगाध धन संपदा की इनहेरिटेंस और लिगेसी के लिए चाल और षड्यंत्र की कहानी है यह ।
मित्तल फैमिली मे मनीष साहब की एन्ट्री दूध मे पड़े मक्खी की तरह है जिसे परिवार के कुछ लोग बर्दाश्त नही कर सकते । रजत मित्तल साहब ने मनीष को पावर देकर अवश्य कुछ अपनों के दिल पर हथौड़ा चलाया होगा । अब वह व्यक्ति रजत साहब के बड़े भाई महेश मित्तल साहब हैं या उनके साहबजादे या कोई कंपनी का पुराना कर्मचारी , यह देखना है ।
मनीष साहब इस कहानी के हीरो है इसमे जरा भी संदेह नही है लेकिन उनकी हीरोइन कौन है यह भी देखने लायक बात होगी ।
वह हीरोइन प्रिया मैडम या फिर शिविका मैडम या फिर वह आगंतुक लड़की होगी जिसे देखते ही मनीष साहब के दिल मे हलचल मच गया ।

शुरुआत बहुत ही बेहतरीन है । आउटस्टैंडिंग अपडेट रिकी भाई ।
लगभग सही पकड़ा है आपने संजू भैया, धन्यवाद इतने अच्छे रिव्यू के लिए 🙏🏼
 

Shetan

Well-Known Member
17,568
51,999
259
Pata hai devi ji, aapki sari vidya ojha wali hai, per apne pas to sati simple vidya aati hai, 100% satvik :approve:
यार तामस विधया बुरी नहीं होती. हम सात्विकता से सिर्फ माता के सिर्फ 9 रूपों को पूज सकते है. लेकिन माता के 52 शक्ति पीठ है. जिसमे से पृत्वी पर 51 है. बाकि रूपों को पूजने का मात्र तामस ही रस्ता है. नवरात्रा भी 4 होते है. बाकि के 2 नवरात्रा गुप्त है. जो मेरे लोगो के बड़े त्योहारों मे से एक है.
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
यार तामस विधया बुरी नहीं होती. हम सात्विकता से सिर्फ माता के सिर्फ 9 रूपों को पूज सकते है. लेकिन माता के 52 शक्ति पीठ है. जिसमे से पृत्वी पर 51 है. बाकि रूपों को पूजने का मात्र तामस ही रस्ता है. नवरात्रा भी 4 होते है. बाकि के 2 नवरात्रा गुप्त है. जो मेरे लोगो के बड़े त्योहारों मे से एक है.
माता के शक्ति पीठों में भी तामसी पूजा होती है। लेकिन वो पूजा सीधे मां की न हो कर उनकी दासियों (डाकिनी और सकिनी) को भोग विलास का चढ़ावा चढ़ाते हुए मां तक पहुंचने की होती है
 

Shetan

Well-Known Member
17,568
51,999
259
माता के शक्ति पीठों में भी तामसी पूजा होती है। लेकिन वो पूजा सीधे मां की न हो कर उनकी दासियों (डाकिनी और सकिनी) को भोग विलास का चढ़ावा चढ़ाते हुए मां तक पहुंचने की होती है
हर भगवान का एक तामस रूप है. जो डाकिनी शाकिनी माता के साथ होती है. वो उनकी सेविका के रूप मे होती है. ये उनके पिछले जन्म मे मिले श्राप और वरदान दोनों का एक साथ मिला हुआ फल होता है. 64 जोगिनी एक्साम्पल है.
 

Riky007

उड़ते पंछी का ठिकाना, मेरा न कोई जहां...
22,650
45,597
259
हर भगवान का एक तामस रूप है. जो डाकिनी शाकिनी माता के साथ होती है. वो उनकी सेविका के रूप मे होती है. ये उनके पिछले जन्म मे मिले श्राप और वरदान दोनों का एक साथ मिला हुआ फल होता है. 64 जोगिनी एक्साम्पल है.
हर आत्मा कभी ना कभी इस रूप को प्राप्त करती है, मतलब इस श्रृष्टि जो इंद्र है, वो अगली श्रृष्टि में नही होगा, है जीवात्मा इसी चक्र से चलती है।
 
Top