पार्ट 4
सुबह होते ही सुमित्रा जल्दी जल्दी काम खत्म करके स्कूल चली गई जाते जाते उसने मयंक को भी उठा दिया
सुमित्रा_बेटा उठ जा कॉलेज जाना पहला दिन ही लेटे हो जाएगा तू
मयंक उठा दूध गर्म किया ओर पीके फिर बाथरूम मै घुस गया
बाथरूम मै फ्रेश हुवा फिर कपड़े खोल के स्नान किया ओर निकल गया कॉलेज
ये एक बहुत बड़ा कॉलेज था इसमें वो बचे पड़ सकते थे या तो अमीर बाप की ओलाद हो या फिर किसी की सिफारिश हो तो ही लेकिन यहाँ मयंक अपनी मेरिट के हिसाब से इस कॉलेज मै दाखिला मिला था
क्योंकि 12th मै इसने 99 परसेंट बनाया था
अभी गेट के अंदर गुस्सा ही था कि अभी कुछ सीनियर लड़के उसको अपने पास बुलाया
सीनियर लड़का __ यहां आ क्या नाम है तेरा
मयंक _ मयंक
सीनियर_कौनसा सब्जेक्ट है तेरा
मयंक __ पॉलिटिक्स साइंस
सीनियर__ अरे सुनो रे ये मेरी गर्ल फ्रेंड का भाई है ओर उसके साथ ही पड़ता है
सीनियर जिसका नाम राजू था
राजू __ पैसे कितने है तेरे पास वो सब निकाल
मयंक अभी जेब मै हाथ डाल रहा था कि तभी पीछे आवाज आई
क्या तुम मयंक हो
मयंक जब पीछे मुड़कर देखा तो एक अधेड उम्र का आदमी व्हाइट शर्ट मै खड़ा था
हा मै मयंक ही सर
आदमी__ आदमी मेरे साथ चलो तुम तुम प्रिंसपल ने तुमको बुलाया है
मयंक_ एक बार सभी सीनियर की तरफ देखा तो
सीनियर_ जाओ जाओ हम बाद में बात करेंगे
मयंक प्रिंसपल के ऑफिस मै चला गया ओर
प्रिंसपल _मयंक आज तुम्हारा पहला दिन था वो लड़के थोड़े बदमाश है इसलिए तुम्हे बुलाया गया अगर तुम्हे कुछ भी प्रोलंब हो तो मुझे इन्फॉर्मेशन कर देना एक बार
मयंक से बाहर निकाला और सभी लड़के हो या लड़कियां मयंक अपने गरीबा रही थी सभी की नजर उसक ऊपर ही थी ख्यालों में जा रहा था अपने ही धुन इस सीधा कैंटीन में गया और एक टेबल में जाकर बैठ गया और चाय आर्डर किया है
तभी वहाँ एक लड़की आती है ओर मयंक के सामने वाली टेबल पे बैठ गई ओर वो बहुत उदास लग रही थी ये बात मयंक ने भी नोटिस करी
एक लड़की और आती है ओर पहले वाली लड़के पास बैठ गई
दूसरी लड़की_अब छोड़ना यार कोमल क्या उस कुत्ते की बात को तू इतना सीरियस ले रही है मै आज घर मै पापा को बात करूंगी
कोमल_ नहीं अंजली मत बोलना मेरी वजह से तुम्हारा परिवार उजड़ जाएगा
अंजली _तू अभी भी मेरे परिवार का सोच रही है सोच तू अगर मै नहीं आती तो आज तू किसी को मुंह दिखाने लायक नहीं रहती
कोमल_तू आ गई ना
इनकी बाते मयंक भी सुन रहा है
मयंक की मां आज काफी उदास थी क्यों आज 2 साल बाद उसका बेटा गांव से बाहर गया था
उसे कुछ ऐसा डर सता रहा था ऐसी कोई अनहोनी सता रही थी
वहीं कॉलेज में मयंक को उनकी बातें सुनते हुए बहुत टाइम हो गया था
अंजलि-देखो कोमल टाइम क्या हो गया लेट हो गए हम तो आज पहला दिन ओर आज ही लेट
यह बात मयंक ने भी सुन रहा था
और तीनों दौड़ते हुए क्लास की तरफ गये
क्लास शुरू हो गई थी तीनों एक ही क्लास के सामने खड़े हो गए
टीचर ने उनको देखा ओर बोले
टीचर __ क्या टाइम है मेरे सेसन मै टाइम पे आयतों टिक नहीं तो अन्दर नहीं आना ये सेसन खत्म होने के बाद आना
तीनों उदास हो गए ओर फिर चल गए गए कैंटीन मै मयंक आगे आगे चल रहा था
अंजली_ओय सुनो तुम लेट क्यों हो गए
मयंक पीछे देख तो __
अंजली __ तुमको ही पूछ रही हु
मयंक__ तुम दोनों जो बात कर रही थी ना कैंटीन मै को सुनने वाला भी कोई होना चाहिए ना
कोमल उसकी बात सुनके मायूस हो गई ये बात अंजली ने भी नोटिस कि
अंजली __ तुम एक अच्छे लड़के हो किसी को बताना नहीं
मयंक__ मै किसी को नहीं बताऊंगा लेकिन जिस से ज्यादा डरोगे वो आपको ओर डराएगा फिर कुछ नहीं हुआ वो चला गया घर को
दूसरे दिन सुबह मयंक कॉलेज को निकल पड़ा कॉलेज गेट पे पहुंचा ही
था सामने राजू सुनील ओर श्याम सामने ही खड़े थे
घर पे मयंक की मां किसी से बात कर रही थी फोन से
गुरु जी _ अब टाइम आ गया है 2महीने के बाद उसको मेरे पास भेजदो
मां _ गुरु जी आपकी बात मै नहीं ताल सकती लेकिन उसका कॉलेज से आप बात कर लीजिए
गुरु जी__ देखो सुमित्रा उसका जन्म कोई साधारण काम के लिए नहीं हुआ है उसका शरीर कोई आम मनुष्य की तरह नहीं है ये तुमको भी मालूम है
सुमित्रा_जैसा आप कही गरु जी मै भेज दूंगी आप कॉलेज मै बात कर लीजिए
चलो कॉलेज मै चलते है वह पे क्या च रहा
राजू _मयंक इधर आवो
मयंक__ जी हां
राजू_वैसे बॉडी काफी अच्छी बनाई है....
मनीष_अरे नहीं यार ये तो बस ऐसे ह दिखने के लिए होगी.... इसे जरूर अपने कपड़ों के अंडर गुब्बारे भरे होंगे ताकि इसकी भारी हुई बॉडी नजर आए इसकी जैकेट और शर्ट उतरवा तब पता चलेगा....
सुनील_ चल बेटा अब भाई ने कहा है तो फिर तू अपनी बॉडी दिखा दे....
उनकी बात सुन के मयंक मुस्कुराने लगता है
मयंक_ देखो भाई लोग मैं फिर कहता हूं ऐसा मत करो.... एक बार फिर सोच लो बाद में मुझे दोष मत देना....
सुनील_इसकी बात सुन के ये पक्का हो गया है कि ये बस बहार से दिखने में ही ऐसा है अंडर से इसकी बॉडी पूरी पोक्कल है
मनीष की बात सुन के मयंक अपनी जैकेट निकाल के पास ही पड़ी कुर्सी के हैंडल पर टांग देता है फिर एक करके अपनी शर्ट के सारे बटन खोलने लगता है उसकी शर्ट के हर खुले बटन के साथ वहां मौजुद लड़कियों के दिल की धड़कन तेज़ होने लगती है साथ ही उनकी चूत से भी मस्ती में कामरस का जादू होने लगता है
शर्ट के सारे बटन खुलने के बाद मयंक अपनी शर्ट उतार के अपनी जैकेट के ऊपर रख देता है....
मयंक की चौड़ी 46 इंच की चाटी 8 पैक्स अब और डोले देख के लड़कियाँ की मस्ती भरी सिसकियाँ निकल जाती हैं... कुछ तो मस्ती में अपनी पैंटी में झड़ने के बाद शरमाती हुई वॉशरूम की तरफ चल देती है....
मयंक की मस्कुलर बॉडी को देख के राजू सुनील ओर श्याम भी शॉक हो जाते हैं....
श्याम__ साले क्या मस्त बॉडी बनाई है यार इसने
राजू: हां तभी तो कॉलेज की सारी लड़कियां इसे ही देख रही हैं... पहले ही बड़ी मुश्किल से वो हम को देखती थी मगर अब इसकी वजह से वो भी नसीब ना होगा इसकी बॉडी और पर्सनैलिटी के आगे तो हमारी एक नहीं चलने वाली
सुनील: साले तुम दोनों को ही बड़ा शौक था ना इसकी बॉडी देखने का लो अब गलती है तो भुगतना तो पड़ेगा ही
राजू __यार तू ने सच कहा मगर हम अपनी गलती को सुधार भी सकते हैं ना क्यों ना इसे अपना दोस्त बना ले
सुनी__ हां ये ठीक रहेगा....
अभी सुनील श्याम और राजू मयंक को कुछ कहने वाले होते हैं कि तभी वहां कुछ सीनियर लड़कियां भी आ जाती हैं उनमें से एक की नजर जब मयंक पे पड़ती है
वाह... कितना स्मार्ट डैशिंग और हैंडसम मुंडा है यार.... और क्या गजब की बॉडी बनाई है इसन सोनिया जरा उधर तो देख
सीनियर लड़की__सही कहा यार ये वाकई में डैशिंग और हैंडसम है... साथ ही 8 पैक्स बॉडी भी.... इसका चेहरा देख कितना क्यूट है....
कोमल__देखो तो कमीनी को पहले से ही 5-5 बॉयफ्रेंड घुमा रही है.... और अब कमीनी इसके पीछे पड़ गई है. इस से पहले कि ये हम हैंडसम के साथ कुछ करे कुछ सोच कोमल जल्दी से कुछ सोच.... अगर सोनिया उसे ले उड़ी तो तू सिर्फ हाथ मालती रह जाएगी
कोमल__क्या यार मैं कब से यहां तुम्हारा इंतजार कर रही हूं और तुम हो कि अब आ रहे हो कहां थे इतनी देर से पहले नहीं आ सकते थे आज कल ना ये तुम्हारा हर रोज का ड्रामा हो गया है कल से ऐसा नहीं चलेग कल अगर तुम देर से आए ना तो फिर मैं कभी तुमसे बात नहीं करूंगी फिर मेरा नाम ले के रोते रहना
कोमल की बात से मयंक के साथ वहां मौजूद बाकी सारे सीनियर लड़के और लड़कियां भी शॉक हो जाते हैं....
इस से पहले कि मयंक हमसे कुछ पूछता है कोमल धीरे से उसके कान में कहती है
कोमल: यार मुझे गलत मत समझना... ये सब ड्रामा मैं तुम्हें यहां से बाहर निकालने के लिए कर रही हूं. अगर इस सब से बचना चाहते हो तो इसमें मेरा साथ दो
कोमल की बात सुन के मयंक ओके कह के
मयंक: सॉरी कोमल माय लव.... प्लीज़ अपने मयंक को माफ़ कर दो तुम्हारी नाराज़गी मुझसे सहें नहीं होगी बस इसे आखिरी बार समझ के भूल जाओ मयंक अपनी कोमल से ये वादा करता है कि वो अपनी जान को कभी नाराज़ नहीं करेगा....
सुबह होते ही सुमित्रा जल्दी जल्दी काम खत्म करके स्कूल चली गई जाते जाते उसने मयंक को भी उठा दिया
सुमित्रा_बेटा उठ जा कॉलेज जाना पहला दिन ही लेटे हो जाएगा तू
मयंक उठा दूध गर्म किया ओर पीके फिर बाथरूम मै घुस गया
बाथरूम मै फ्रेश हुवा फिर कपड़े खोल के स्नान किया ओर निकल गया कॉलेज
ये एक बहुत बड़ा कॉलेज था इसमें वो बचे पड़ सकते थे या तो अमीर बाप की ओलाद हो या फिर किसी की सिफारिश हो तो ही लेकिन यहाँ मयंक अपनी मेरिट के हिसाब से इस कॉलेज मै दाखिला मिला था
क्योंकि 12th मै इसने 99 परसेंट बनाया था
अभी गेट के अंदर गुस्सा ही था कि अभी कुछ सीनियर लड़के उसको अपने पास बुलाया
सीनियर लड़का __ यहां आ क्या नाम है तेरा
मयंक _ मयंक
सीनियर_कौनसा सब्जेक्ट है तेरा
मयंक __ पॉलिटिक्स साइंस
सीनियर__ अरे सुनो रे ये मेरी गर्ल फ्रेंड का भाई है ओर उसके साथ ही पड़ता है
सीनियर जिसका नाम राजू था
राजू __ पैसे कितने है तेरे पास वो सब निकाल
मयंक अभी जेब मै हाथ डाल रहा था कि तभी पीछे आवाज आई
क्या तुम मयंक हो
मयंक जब पीछे मुड़कर देखा तो एक अधेड उम्र का आदमी व्हाइट शर्ट मै खड़ा था
हा मै मयंक ही सर
आदमी__ आदमी मेरे साथ चलो तुम तुम प्रिंसपल ने तुमको बुलाया है
मयंक_ एक बार सभी सीनियर की तरफ देखा तो
सीनियर_ जाओ जाओ हम बाद में बात करेंगे
मयंक प्रिंसपल के ऑफिस मै चला गया ओर
प्रिंसपल _मयंक आज तुम्हारा पहला दिन था वो लड़के थोड़े बदमाश है इसलिए तुम्हे बुलाया गया अगर तुम्हे कुछ भी प्रोलंब हो तो मुझे इन्फॉर्मेशन कर देना एक बार
मयंक से बाहर निकाला और सभी लड़के हो या लड़कियां मयंक अपने गरीबा रही थी सभी की नजर उसक ऊपर ही थी ख्यालों में जा रहा था अपने ही धुन इस सीधा कैंटीन में गया और एक टेबल में जाकर बैठ गया और चाय आर्डर किया है
तभी वहाँ एक लड़की आती है ओर मयंक के सामने वाली टेबल पे बैठ गई ओर वो बहुत उदास लग रही थी ये बात मयंक ने भी नोटिस करी
एक लड़की और आती है ओर पहले वाली लड़के पास बैठ गई
दूसरी लड़की_अब छोड़ना यार कोमल क्या उस कुत्ते की बात को तू इतना सीरियस ले रही है मै आज घर मै पापा को बात करूंगी
कोमल_ नहीं अंजली मत बोलना मेरी वजह से तुम्हारा परिवार उजड़ जाएगा
अंजली _तू अभी भी मेरे परिवार का सोच रही है सोच तू अगर मै नहीं आती तो आज तू किसी को मुंह दिखाने लायक नहीं रहती
कोमल_तू आ गई ना
इनकी बाते मयंक भी सुन रहा है
मयंक की मां आज काफी उदास थी क्यों आज 2 साल बाद उसका बेटा गांव से बाहर गया था
उसे कुछ ऐसा डर सता रहा था ऐसी कोई अनहोनी सता रही थी
वहीं कॉलेज में मयंक को उनकी बातें सुनते हुए बहुत टाइम हो गया था
अंजलि-देखो कोमल टाइम क्या हो गया लेट हो गए हम तो आज पहला दिन ओर आज ही लेट
यह बात मयंक ने भी सुन रहा था
और तीनों दौड़ते हुए क्लास की तरफ गये
क्लास शुरू हो गई थी तीनों एक ही क्लास के सामने खड़े हो गए
टीचर ने उनको देखा ओर बोले
टीचर __ क्या टाइम है मेरे सेसन मै टाइम पे आयतों टिक नहीं तो अन्दर नहीं आना ये सेसन खत्म होने के बाद आना
तीनों उदास हो गए ओर फिर चल गए गए कैंटीन मै मयंक आगे आगे चल रहा था
अंजली_ओय सुनो तुम लेट क्यों हो गए
मयंक पीछे देख तो __
अंजली __ तुमको ही पूछ रही हु
मयंक__ तुम दोनों जो बात कर रही थी ना कैंटीन मै को सुनने वाला भी कोई होना चाहिए ना
कोमल उसकी बात सुनके मायूस हो गई ये बात अंजली ने भी नोटिस कि
अंजली __ तुम एक अच्छे लड़के हो किसी को बताना नहीं
मयंक__ मै किसी को नहीं बताऊंगा लेकिन जिस से ज्यादा डरोगे वो आपको ओर डराएगा फिर कुछ नहीं हुआ वो चला गया घर को
दूसरे दिन सुबह मयंक कॉलेज को निकल पड़ा कॉलेज गेट पे पहुंचा ही
था सामने राजू सुनील ओर श्याम सामने ही खड़े थे
घर पे मयंक की मां किसी से बात कर रही थी फोन से
गुरु जी _ अब टाइम आ गया है 2महीने के बाद उसको मेरे पास भेजदो
मां _ गुरु जी आपकी बात मै नहीं ताल सकती लेकिन उसका कॉलेज से आप बात कर लीजिए
गुरु जी__ देखो सुमित्रा उसका जन्म कोई साधारण काम के लिए नहीं हुआ है उसका शरीर कोई आम मनुष्य की तरह नहीं है ये तुमको भी मालूम है
सुमित्रा_जैसा आप कही गरु जी मै भेज दूंगी आप कॉलेज मै बात कर लीजिए
चलो कॉलेज मै चलते है वह पे क्या च रहा
राजू _मयंक इधर आवो
मयंक__ जी हां
राजू_वैसे बॉडी काफी अच्छी बनाई है....
मनीष_अरे नहीं यार ये तो बस ऐसे ह दिखने के लिए होगी.... इसे जरूर अपने कपड़ों के अंडर गुब्बारे भरे होंगे ताकि इसकी भारी हुई बॉडी नजर आए इसकी जैकेट और शर्ट उतरवा तब पता चलेगा....
सुनील_ चल बेटा अब भाई ने कहा है तो फिर तू अपनी बॉडी दिखा दे....
उनकी बात सुन के मयंक मुस्कुराने लगता है
मयंक_ देखो भाई लोग मैं फिर कहता हूं ऐसा मत करो.... एक बार फिर सोच लो बाद में मुझे दोष मत देना....
सुनील_इसकी बात सुन के ये पक्का हो गया है कि ये बस बहार से दिखने में ही ऐसा है अंडर से इसकी बॉडी पूरी पोक्कल है
मनीष की बात सुन के मयंक अपनी जैकेट निकाल के पास ही पड़ी कुर्सी के हैंडल पर टांग देता है फिर एक करके अपनी शर्ट के सारे बटन खोलने लगता है उसकी शर्ट के हर खुले बटन के साथ वहां मौजुद लड़कियों के दिल की धड़कन तेज़ होने लगती है साथ ही उनकी चूत से भी मस्ती में कामरस का जादू होने लगता है
शर्ट के सारे बटन खुलने के बाद मयंक अपनी शर्ट उतार के अपनी जैकेट के ऊपर रख देता है....
मयंक की चौड़ी 46 इंच की चाटी 8 पैक्स अब और डोले देख के लड़कियाँ की मस्ती भरी सिसकियाँ निकल जाती हैं... कुछ तो मस्ती में अपनी पैंटी में झड़ने के बाद शरमाती हुई वॉशरूम की तरफ चल देती है....
मयंक की मस्कुलर बॉडी को देख के राजू सुनील ओर श्याम भी शॉक हो जाते हैं....
श्याम__ साले क्या मस्त बॉडी बनाई है यार इसने
राजू: हां तभी तो कॉलेज की सारी लड़कियां इसे ही देख रही हैं... पहले ही बड़ी मुश्किल से वो हम को देखती थी मगर अब इसकी वजह से वो भी नसीब ना होगा इसकी बॉडी और पर्सनैलिटी के आगे तो हमारी एक नहीं चलने वाली
सुनील: साले तुम दोनों को ही बड़ा शौक था ना इसकी बॉडी देखने का लो अब गलती है तो भुगतना तो पड़ेगा ही
राजू __यार तू ने सच कहा मगर हम अपनी गलती को सुधार भी सकते हैं ना क्यों ना इसे अपना दोस्त बना ले
सुनी__ हां ये ठीक रहेगा....
अभी सुनील श्याम और राजू मयंक को कुछ कहने वाले होते हैं कि तभी वहां कुछ सीनियर लड़कियां भी आ जाती हैं उनमें से एक की नजर जब मयंक पे पड़ती है
वाह... कितना स्मार्ट डैशिंग और हैंडसम मुंडा है यार.... और क्या गजब की बॉडी बनाई है इसन सोनिया जरा उधर तो देख
सीनियर लड़की__सही कहा यार ये वाकई में डैशिंग और हैंडसम है... साथ ही 8 पैक्स बॉडी भी.... इसका चेहरा देख कितना क्यूट है....
कोमल__देखो तो कमीनी को पहले से ही 5-5 बॉयफ्रेंड घुमा रही है.... और अब कमीनी इसके पीछे पड़ गई है. इस से पहले कि ये हम हैंडसम के साथ कुछ करे कुछ सोच कोमल जल्दी से कुछ सोच.... अगर सोनिया उसे ले उड़ी तो तू सिर्फ हाथ मालती रह जाएगी
कोमल__क्या यार मैं कब से यहां तुम्हारा इंतजार कर रही हूं और तुम हो कि अब आ रहे हो कहां थे इतनी देर से पहले नहीं आ सकते थे आज कल ना ये तुम्हारा हर रोज का ड्रामा हो गया है कल से ऐसा नहीं चलेग कल अगर तुम देर से आए ना तो फिर मैं कभी तुमसे बात नहीं करूंगी फिर मेरा नाम ले के रोते रहना
कोमल की बात से मयंक के साथ वहां मौजूद बाकी सारे सीनियर लड़के और लड़कियां भी शॉक हो जाते हैं....
इस से पहले कि मयंक हमसे कुछ पूछता है कोमल धीरे से उसके कान में कहती है
कोमल: यार मुझे गलत मत समझना... ये सब ड्रामा मैं तुम्हें यहां से बाहर निकालने के लिए कर रही हूं. अगर इस सब से बचना चाहते हो तो इसमें मेरा साथ दो
कोमल की बात सुन के मयंक ओके कह के
मयंक: सॉरी कोमल माय लव.... प्लीज़ अपने मयंक को माफ़ कर दो तुम्हारी नाराज़गी मुझसे सहें नहीं होगी बस इसे आखिरी बार समझ के भूल जाओ मयंक अपनी कोमल से ये वादा करता है कि वो अपनी जान को कभी नाराज़ नहीं करेगा....
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