दोहे -रसभरे
कल हिंदी दिवस था तो मैंने सोचा अपने इस फोरम पर भी कुछ शुरू करूँ। शेरो शायरी के तो कई थ्रेड हैं इस फोरम में , एक दो कविता ग़ज़ल के भी, तो मैं एक दुष्चेश्टा करने का निर्णय किया,
हिंदी के रस सिद्ध लेखकों के दोहे , और ये फोरम फ़ोरम श्रृंगार का है तो रस भरे दोहे ही होंगे, हाँ मुझे पूरा विश्वास है, की हो सकता है पदचाप कम ही होंगे और नयन कम ही पड़ेंगे पर कुछ नैन ऐसे हैं फोरम में की अगर वो इधर मुड़ जाएंगे , मैं मान लूंगी की वो हजारों नज़रों की तरह है और चंदन समझ उन्हें माथे से लगा लूंगी,...
तो शुरू करती हूँ ,
और रस की बात हो दोहों की बात हो तो बात सतसैया से ही शुरू होगी, बिहारी लाल जी के चरणों में आदर श्रद्धा सुमन समर्पित करती,...
कुछ वय संधि के दोहों के साथ,
कल हिंदी दिवस था तो मैंने सोचा अपने इस फोरम पर भी कुछ शुरू करूँ। शेरो शायरी के तो कई थ्रेड हैं इस फोरम में , एक दो कविता ग़ज़ल के भी, तो मैं एक दुष्चेश्टा करने का निर्णय किया,
हिंदी के रस सिद्ध लेखकों के दोहे , और ये फोरम फ़ोरम श्रृंगार का है तो रस भरे दोहे ही होंगे, हाँ मुझे पूरा विश्वास है, की हो सकता है पदचाप कम ही होंगे और नयन कम ही पड़ेंगे पर कुछ नैन ऐसे हैं फोरम में की अगर वो इधर मुड़ जाएंगे , मैं मान लूंगी की वो हजारों नज़रों की तरह है और चंदन समझ उन्हें माथे से लगा लूंगी,...
तो शुरू करती हूँ ,
और रस की बात हो दोहों की बात हो तो बात सतसैया से ही शुरू होगी, बिहारी लाल जी के चरणों में आदर श्रद्धा सुमन समर्पित करती,...
कुछ वय संधि के दोहों के साथ,
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