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Recent content by Killer_king

  1. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-12 सुबह 5 बजे मेरी नींद खुल गई। साक्षी और प्रमोद अभी भी सो रहे थे। अगर रात में हमें चुदाई की दर्द मिलती तो शायद मेरी भी नींद नहीं खुलती। प्रमोद को जगाए बिना मैं उठी और बालकनी में ताजी हवा खाने के निकल चली आई। कुछ ही देर बाद एक दूधवाला में साइकिल से आते हुए हमारी मेन गेट के पास आकर रुक...
  2. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-11 अचानक प्रमोद मेरे शरीर को झकझोर कर जगाते हुए बोले, "ऐ भारती, उतरना नहीं है क्या?" मैं हड़बड़ाते हुए जैसे नींद से जागी, ऑटो कब की रुक चुकी थी। मैं शर्मा गई और उतरते हुए एक नजर ड्राइवर की तरफ देखी। उसकी नजर मेरी चुची पर गड़ी भद्दी सी मुस्कान दे रहा था। मैं जल्दी से साड़ी ठीक करती उतर...
  3. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-10 घर आते ही मैं तेजी से अपने रूम में गई और कपड़े लेकर बाथरुम में घुस गई। भैया के दमदार चुदाई से पुरे बदन मे मीठा-मीठा दर्द हो रही थी। करीब 1 घंटे बाद फ्रेश हो बाथरुम से निकली तो भाभी हमें देख मंद-मंद मुस्कुरा रही थी। मैं भी धीरे से मुस्कुरा कर भाभी की मुस्कान को समझने की कोशिश करते हुए...
  4. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    भारती
  5. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    साक्षी
  6. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    भारती
  7. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-9 जैसा कि गाँवों में ये एक रिवाज है कि नई दुल्हन 3 या 9 दिन के बाद वापस अपने मायके चली जाती है। मैं भी जिंदगी के हसीन पल अपनी यादों में समेट वापस अपने मायके चली आई थी। जिंदगी में इतनी हसीन यादें फिर कभी नहीं आती है, ये एक कटु सत्य है। समय मिलते ही प्रमोद और साक्षी से अच्छी बुरी बातें...
  8. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-8 सुबह जब मेरी नींद खुली तो पूरा बदन टूट रहा था। बगल में प्रमोद भी पूरी नींद में सो रहे थे। उनका एक हाथ अभी भी मेरी चुची पर थी। धीरे से हाथ हटाते हुए मैं बेड से उतरी और फ्रेश होने बाथरुम की तरफ बढ़ गई। फ्रेश होने के बाद मैं किचन में गई। तब तक मम्मी पापा भी जग गए थे। जल्दी से चाय बनाई...
  9. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-7 रात के करीब 9 बज रहे थे और खाना भी लगभग एक घंटे पहले बन चुकी थी। चूँकि गाँव में सब ज्यादा देर तक नहीं जगे रहते। इसलिए प्रमोद भी जल्दी ही घर आ चुके थे। आते ही उन्होंने मेरी गालोँ को चूमते हुए खाना खाने की इच्छा व्यक्त की। मैं भी जल्दी से खाना लाई और प्रमोद खाना खाने बैठ गए। मैं वहीं...
  10. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-6 मैं हैरानी से मोबाइल में देखी, आखिर क्या हुआ इसे? ओह! इसमें Insert Sim लिखी थी। अब समझ में आ गई कि साक्षी कहाँ गई है। मैं भी गेट के पास जा कर सुनने लगी कि, साक्षी क्या कहती है। साक्षी गुस्से में अंकल से बोली "अंकल, फोन आप दिए तो उसमें SIM कौन डालेगा?” "ओह सॉरी साक्षी, SIM मेरे जेब...
  11. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    :rock1::love3::cool3:
  12. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-5 शाम के 4 बज चुके थे। प्रमोद आए तो उन्हें नाश्ता दिया। वे रूम में बैठकर नाश्ता कर रहे थे। मम्मी जी नाश्ता करके पड़ोस वाली आंटी के यहाँ बैठी गप्पें मार रही थीं। तभी बाहर से किसी के बोलने की आवाज आई। वो प्रमोद को बुला रहा था। प्रमोद उनकी आवाज पहचान गए थे। प्रमोद मुँह का निवाला जल्दी से...
  13. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-4 सुबह हमारी नींद देर से खुली। मैं जल्दी से फ्रेश हुई और किचन की तरफ चल दी। सोचा शायद साक्षी होगी तो उसे मनाने की कोशिश करूँगी। मगर वहाँ मम्मीजी और साक्षी दोनों साथ खाना बना रही थीं। मैं भी खाना बनाने में हाथ बँटाने लगी। इस दौरान साक्षी ने मेरी तरफ एक बार भी पलटकर देखा नहीं। मैंने भी...
  14. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-3 सुबह 5 बजे मेरी नींद खुली तो अपनी हालत देख खुद ही शर्मा गई। मैं पूरी तरह नंगी थी और प्रमोद के नंगे जिस्म से चिपकी हुई थी। मैं उठी, तो मेरी नजर बेडशीट पर पड़ी। बेडशीट पर खून और वीर्य के गहरे दाग थे। मैंने जल्दी से अपने कपड़े पहने और प्रमोद को नींद से जगाया। प्रमोद भी यह देखकर मुस्कुरा...
  15. Killer_king

    Adultery Village Girl in City

    Chapter-2 दोनों की शादी बड़े ही धूमधाम से संपन्न हुई थी। हर कोई इस जोड़े की तारीफ कर रहा था। प्रमोद के मन में सुहागरात को लेकर अलग ही उत्साह था। आखिर क्यों न हो? उसकी जीवनसंगिनी, भारती, जो गजब की खूबसूरत थी, आज लाल जोड़े में मानो किसी देवी की तरह लग रही थी। दूसरी तरफ, भारती के मन में कई तरह के...
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