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Fantasy Hayaan - Ek Insaan Ya Shaitaan

Hayaan-Insaan Ya shaitan Story kaisi hai..?


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neer

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Nice update
Yehi Sab Dil mein Sonchte huye
Kabeer Sapno ki Haseen Wadiyon men So Gaya....

Ab Aage.....Update - 6 (Mega Update)

रात में नींद देरी से आने के कारण कबीर की नींद सुबह थोड़ी देर से खुली पिता जी ! के जगाने से,

सुबह के सारे जरूरी काम कबीर ने बड़ी ही फुर्ती से निपटा लिए,

दोपहर का खाना बांधकर

अपने दोस्त बंसी (उम्र- 24) के साथ जंगल की और शिकार के लिये दोनो साथी निकल गए
पिता जी की उम्र अब ढल चुकी थी तो,

वो बस अपने मित्रों के साथ हुक्का पीते या फिर चौपाल पे बैठके यहां-वहाँ की बातें करते.. अब तो उनके प्रतिदिन का यही काम बन गया था..!!

एक तो ठहरे गांव के मुखिया साथ में शिकारी तो उन्हें जंगल और जड़ी-बूटियों का काफी ज्ञान था
और पिता जी के ज्ञान से गांव वालों को काफी कुछ सीखने को मिलता था,

जिसके कारण वो कभी अकेले नही रहते थे पूरे दिन कोई न कोई साथ बतियाने के लिए बना ही रहता था..!!


ठहरो बंसी.....
issshs एकदम शांत शोर मत मचाना वरना भाग जाएगा....

कबीर- देखा न लगा तीर एकदम निशाने पर..

बंसी- हाँ यार आज फिर तू बाजी मार ले गया....चल कोई नहीं अगली बार मेरा तीर निशाने पर लगेगा,

कबीर- हाँ देखे है तेरे जैसे बहुत....बस हमेशा ढींगे मरते रहना तेरे से होगा कुछ भी नही..

बंसी- ठीक है महाराज !
अब प्रस्थान करें अपने महल की ओर क्योंकि इस हिरण से तो दो दिन का पर्याप्त भोजन हो जाएगा...

कबीर- हाँ सही कहा यार, वैसे भी शाम होने को कुछ ही वक़्त बचा है,

बंसी- तो चल फिर देर किस बात की

और फिर हम झोपड़ी की तरफ वापस चल दिये,

नदी के निकट पहुचते ही मैन बंसी को कह दिया तू चल मैं कुछ देर में आता हूँ

बंसी हिरन को लेकर वापस चला गया और मैं उसी पेड़ के छांव के नीचे हाथ-मुँह धोकर इंतेज़ार करने लगा.....

इंतेज़ार भी कितना मुश्किल होता है ना,

"Kin Lafjon Mein Likhoon Main Apne Intezaar Ko Tumhen,

Bejuban Hai Pyaar Mera Dhoondhta Hai Khamoshi Se Tujhe."


न जाने कितना वक्त बीत गया लेकिन उसकी खबर कुछ न थी,

मैं भी यूँही पेड़ से टेक लगाए बैठा रहा.....

वहीं दूसरी तरफ आज मीरा की आंखें भी देर से खुली
घर का सारा काम-काज जल्दी कर लिया था,
मीरा की भी चाहत थी मिलने जाने की....एक-बार फिर देखने की,

लेकिन माई का सख्त निर्देष था आज तू घर के बाहर कदम नही रखेगी,

माँ - बेटी मीरा सुन जरा,
ले ये भोजन और कुछ फल उस झोपड़ी में दे आ,

मीरा- ठीक है माई

मीरा- नमस्ते चाचा जी, माई ने भोजन और कुछ फल भेजें है, बोली है मुखिया जी को दे आ..
अब मैं तो किसी को पहचानती नहीं इसलिए आप ही दे देना, अब मैं चलती हूँ

भुवन सोन - इधर ले आ बिटिया मैं हूँ सोनपुर गांव का मुखिया..

भुवन सोन- बिटिया तुम्हारा नाम क्या है..?? किसने भेजा है..??
मीरा - दादा जी नमस्ते, मीरा नाम है मेरा, मेरी माँ रचना देवी ने भेजा है,
पिता जी का नाम दुष्यन्त है, वो अब नही रहें,

भुवन सोन - अच्छा तो तू दुष्यन्त की बेटी है घनिष्ट मित्र था मेरा ,
बड़ा अच्छा नाम है तुम्हारा,

जब तू छोटी थी तब मैं आया करता था तेरे घर दुष्यन्त से मिलने,

भुवन सोन - अच्छा बेटी तू जा कल मैं आऊंगा तेरे घर तेरी माई से मिलने दोपहर को बता देना ...

मीरा- ठीक है दादा जी मैं बता दूंगी माई से, अब मैं चलती हूँ, नमस्ते

भुवन सोन - जीती रहो बिटिया,

मीरा फुदकते - लहराते चल दी आज फिर नदी की ओर...

भुवन सोन - यार शंकर कितनी सुंदर बिटिया है ना, संस्कार भी अच्छे दिख रहे,

शंकर - हाँ यार भुवन बात तेरी सौ- टके की है, ऊपर से दुसयंत की बेटी है....

भुवन - यार शंकर कबीर के लिए किसी रहेगी,
अपनी ही बिटिया है कहे को पराये घर जाए

शंकर - जोड़ी तो अच्छी है
भुवन - कल रचना देवी से बात करता हूँ....

ये तो लगता है सो गया...पक्का ये भी सोनपुर का रहने वाला है.... देखने में तो सुंदर है...

पेड़ के पीछे छुपी मीरा डोर से कबीर को देखकर बुद्बुदा रही थी मन में ही





जब काफी वक्त गुज़र गया और कबीर नहीं उठा

तो मीरा ने एक छोटे पत्थर को नदी में फेंक दिया और फिर तुरंत छिप गए पेड़ के पीछे,

कबीर का ध्यान तुरंत भंग हो गया, इधर-उधर खड़े होकर देखने लगा किन्तु वहां कोई न दिखाई दिया

कबीर वहीं खड़े बोलने लगा...

कल तो यंही पर मिली थी आज क्यों नहीं आयी...
और कितना इंतेज़ार करना होगा,
कमसेकम एकबार अपनी सूरत तो दिखा जाती,

कितनी सुंदर थी वो....

इधर मीरा ने जब कबीर के मुँह से अपने लिए ये बातें सुनी तो वो शर्माने लगी

मीरा- हे भगवान !! ये तो मेरा ही इंतेज़ार कर रहा है...
इसका मतलब ये भी मुझे पसंद करता है....

चली जाऊं क्या...?? न बाबा क्या पता कैसी नियत का हो...देखने में तो शरीफ लगता है.....क्या करूँ..??

आज नहीं..आज इंतेज़ार करवाया जाए...कल फिर आएगा तो मिल लूंगी... अभी मुझे घर जाना चाहिए वरना माई डाँटेगी.....

मीरा-पेड़ के पीछे से निकल कर सरपट दौड़ लगा दी...

ऐ लड़की सुनो जरा...
जरा रुको तो सही.....कबीर जोर से चिल्लाया

एकपल के लिए मीरा के पैर थम से गए.... लेकिन उस लड़के को अपनी ओर दौड़ लगते देख मीरा ने दौड़ लगा दी


और तबतक भगति रही जबतक कि वो लड़का आंखों से ओझल न हो गया....और घर पहुंच गई....

माँ - कहाँ से भागती आ रही है, तेरी सांसे क्यों उखड़ी है...

मीरा - अरे माई जरा ठहर तो सही...
खाना देकर वापस आ रही थी तो रमिया मिल गयी थी उसी के पास बैठके बतियाने लगी थी,

फिर अचानक तेरा ख़याल आया तो दौड़ लगा दी घर को..

माँ - कितनी बड़ी हो गयी लेकिन अकल पूरी बच्चों वाली,

मीरा- ठीक है माई, वो भुवन दादा से मिली, पिता जी और तेरे बारे में भी पूंछ रहे थे, कल दोपहर को मिलने आएंगे घर,

माँ - ठीक है, देख तू कल मत कहीं निकल जाना, घर में काम रहेगा,
जा हाथ-मुँह धोके आ खाना लगाती हूँ,


कबीर भी भगता हुआ घर झोपड़ी तक पहुंच गया,

कबीर - बड़ी तेज छोरी थी, न जाने कहाँ गायब हो गयी, सब कुछ छिप कर सुन रही थी, कल मिले तो फिर बताता हूँ,

बंसी - का हुआ भाई, काहे गधे के जैसे हांफ रहे हो,,, और कौन सी छोरी...??

कबीर ने फिर बंसी को कल से लेकर आज तक जो भी हुआ सब बताया,

बड़ी देर कर दी बेटा घर आने में, पिता जी बोले

कबीर- बस पिता जी गांव देख रहा था....काफी सुंदर है ना,,,

पिता जी - हाहाहा गांव बस सुंदर है ना कि और कुछ....चल आ खाना खा ले,

पिता जी - खाना खाते हुए....बेटा कल कहीं मत जाना एक मित्र के घर चलना है दुपहर को
तैयार रहना, और मुस्कुराने लगे....

मुझे थोड़ा अजीब लगा....मैं चुपचाप अपने खयालों की दुनियां में खो गया......





Aaj ke liye Bas itna hi,

Thank You so much!!

Stay tuned keep supporting Give your best review,
waiting for your suggestions...??
 

Pintupaul

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Hii Guys !!
Aap Sabhi se maafi Chahunga Next Update ke Intezarr je liye...

So Guys Kaam ke Chalte bahit Busy hu..
Next Update nahi likh paya... Aur na Backup abhi tak bana paya..
So Next Update Kal Ya Fir Parson Pakka Aa jayega..

Mujhe Khud bura lagta.. Ki Daily Update Dene wala 2 din mein 1 Update Mushkil se de pa raha..

Thanks Guys !! For Waiting and Supporting !!
Take ur time bro
 

Hellohoney

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Fentastik bhai bhot ache jaraheho or ye mask men joki hiro ki fhemeli ki raksa karraha he vo aakhir he kya or kon intejar rahega agle update ka
 

King519king

DEVIL
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Waiting for next update
 
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